मड़ेली हत्याकांड कुरुद न्यायालय ने आरोपी चेतन साहू को सुनाई आजीवन कारावास की सजा
एसपी भावना पांडेय ने उत्कृष्ट विवेचना के लिए निरीक्षक चन्द्रकांत साहू को पुरस्कृत करने की घोषणा की
टोमन लाल सिन्हा
धमतरी /मगरलोड – पुलिस अधीक्षक धमतरी श्रीमती भावना पांडेय के कुशल निर्देशन और साक्ष्य-आधारित प्रभावी पैरवी के चलते, मड़ेली के चर्चित हत्याकांड के आरोपी को माननीय न्यायालय ने सलाखों के पीछे भेज दिया है। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश, कुरुद के न्यायालय ने मामले की त्वरित सुनवाई करते हुए आरोपी चेतन साहू को भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) के तहत दोषी करार देते हुए सश्रम आजीवन कारावास और अर्थदंड की सजा सुनाई है।
क्या था मामला?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, घटना 15 मार्च 2025 की है, जब ग्राम मड़ेली के भाठापारा गौठान के पास एक विवाद के दौरान आरोपी चेतन साहू (पिता बाहरा राम साहू, उम्र 26 वर्ष) ने गजेन्द्र साहू उर्फ बिट्टू के सिर पर लकड़ी के बत्ते से जानलेवा हमला कर दिया था। उपचार के दौरान गजेन्द्र की मौत हो गई थी, जिसके बाद थाना कुरुद के तहत बिरेझर चौकी में अपराध क्रमांक 85/2025 दर्ज किया गया था।
वैज्ञानिक साक्ष्यों ने दिलाई सजा
केस की कमान संभालते हुए तत्कालीन चौकी प्रभारी बिरेझर व विवेचक निरीक्षक चन्द्रकांत साहू ने बेहद पुख्ता साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर गवाहों के बयान दर्ज किए और आरोपी के मेमोरण्डम के आधार पर वारदात में इस्तेमाल लकड़ी का बत्ता बरामद किया। FSL (फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी) की टीम से तकनीकी व वैज्ञानिक साक्ष्य संकलित कर पुलिस ने समय सीमा के भीतर न्यायालय में मजबूत चालान प्रस्तुत किया। अभियोजन पक्ष के अकाट्य तर्कों और पुलिस के पुख्ता सबूतों के आधार पर न्यायालय ने आरोपी चेतन साहू को दोषी ठहराया।
उत्कृष्ट विवेचना के लिए इंस्पेक्टर होंगे सम्मानित
इस अंधे कत्ल की गुत्थी को सुलझाने और आरोपी को रिकॉर्ड समय में सजा दिलाने पर धमतरी एसपी श्रीमती भावना पांडेय ने पुलिस टीम की पीठ थपथपाई है। उन्होंने विवेचक निरीक्षक चन्द्रकांत साहू के उत्कृष्ट कार्य और साक्ष्य संकलन की सराहना करते हुए उन्हें विशेष रूप से पुरस्कृत किए जाने की घोषणा की है। पुलिस विभाग के इस प्रभावी कार्य की क्षेत्र में जमकर सराहना हो रही








